तिथि: 21 दिसम्बर 2025
स्थान: प्यारेलाल भवन, आई.टी.ओ., नई दिल्ली
1975 से निरंतर सामाजिक सेवा की मिसाल पेश करती तरुण मित्र परिषद ने अपना स्वर्ण जयंती वर्ष समारोह बड़े उत्साह और भावाभिव्यक्ति के साथ मनाया। यह केवल एक वर्षगांठ नहीं, बल्कि पचास वर्षों की मेहनत, दृढ़ता और जन-सेवा का जीवंत प्रमाण था — जिसमें शिक्षा, स्वास्थ्य और समावेशी सहायता को प्राथमिकता देकर समाज की कमजोर तहों तक सहारा पहुँचाया गया।
50 वर्षों की यात्रा — प्रतिबद्धता जो चलते-चलते परख गयी
तरुण मित्र परिषद ने 1975 से आज तक विद्यार्थी सहायता, दिव्यांगों के लिए सहयोग, नेत्र चिकित्सा शिविर और समाज जागरण जैसी अनेक गतिविधियों के माध्यम से सामाजिक जिम्मेदारी निभाई है। स्वर्ण जयंती समारोह ने इस दीर्घकालीन यात्रा को सम्मानित करते हुए यह संदेश दिया कि सतत सेवा ही किसी संस्था की असली विरासत होती है। कार्यक्रम में परिषद के संस्थापक श्री अशोक कुमार जैन और महासचिव श्री मनोज कुमार जैन (मनोनीत निगम पार्षद) के नेतृत्व में उन उपलब्धियों का स्मरण हुआ जो पीढ़ियों से समाज को लाभ पहुँचा रही हैं।
हर बच्चे को स्वास्थ्य सुरक्षा — एक क्रांतिकारी निर्णय
इस वर्ष परिषद ने एक दूरगामी और प्रेरणादायी कदम उठाया — समारोह के माध्यम से 500 से अधिक जरूरतमंद बच्चों को प्रत्येक के लिए ₹50,000 की मेडिकल इंश्योरेंस पॉलिसी प्रदान की गई। यह पहल न केवल तत्काल चिकित्सा सुरक्षा का जाल बिछाती है, बल्कि बच्चों के परिवारों को जीवन की अनिश्चितताओं के बीच आत्मविश्वास भी देती है। चिकित्सा बीमा के साथ साथ प्रत्येक बच्चे को सहायक पाठ्य-पुस्तकें, स्टेशनरी और आवश्यक शैक्षिक सामग्री भी दी गईं।
यह कदम प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के जन-हित और सामाजिक सुरक्षा के विज़न से मेल खाता है — जहाँ लोक-कल्याण, स्कीमों का लाभ और जनभागीदारी मिलकर जीवन स्तर सुधारने का मार्ग बनती है। तरुण मित्र परिषद की यह पहल उन्हीं आदर्शों से प्रेरित लगती है — कि विकास केवल बुनियादी सुविधाओं तक सीमित नहीं, बल्कि स्वास्थ्य व सुरक्षा का व्यापक जाल भी होना चाहिए।
दिव्यांगों और महिलाओं के लिए समावेशी सहायता
समारोह में सिर्फ़ बच्चों तक सीमित मदद नहीं रही — दिव्यांगजनों को व्हीलचेयर, कृत्रिम अंग (Artificial Limbs), पोलियो कैलीपर्स जैसे उपकरण प्रदान किए गए। जरूरतमंद महिलाओं को स्वावलंबन हेतु बैटरी चालित सिलाई मशीनें उपलब्ध कराई गईं, जिससे उनकी आजीविका सशक्त बने। यह समावेशी दृष्टि समाज के सबसे कमजोर वर्गों को सम्मान और सार्थक सहायता देने की प्रतिबद्धता का परिचायक है।
सांस्कृतिक रंग और समुदाय का उत्साह
समारोह के दौरान बच्चों के लिए अंतरराष्ट्रीय जादूगर श्री राज कुमार और उनकी टीम ने मनोरंजन और प्रेरणा का कार्यक्रम प्रस्तुत किया, जो छोटे बच्चों के लिए आनंद और सीख दोनों लेकर आया। कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में माननीय महापौर श्री राजा इकबाल सिंह जी की उपस्थिति ने आयोजन की गरिमा बढ़ाई — उन्होंने परिषद की समाजसामाजिक सेवाओं की सराहना की और कहा कि सरकार व सामाजिक संस्थाएँ मिलकर ही समाज के जमीनी समस्याओं का सफल समाधान कर सकती हैं।
दानदाता, साझीदार और समाज — यह काम टीमवर्क का परिणाम है
इस पहल की सफलता में प्रकाशित संगठनों, व्यक्तिगत दानदाताओं और भागीदार संस्थाओं का योगदान महत्वपूर्ण रहा — मै. जीवन पब्लिशिंग हाउस, धर्मपाल-सत्यपाल चैरिटेबल ट्रस्ट, प्रमोद जैन सहित अनेक दानदाताओं ने शिक्षा व स्वास्थ्य सामग्री उपलब्ध कराई। यह दर्शाता है कि जब समुदाय, संस्थाएँ और समाजसेवी हाथ मिलाते हैं तो बड़े परिणाम संभव होते हैं।
आगे की राह — स्थायी प्रभाव और प्रेरणा
तरुण मित्र परिषद का स्वर्ण जयंती समारोह यह स्पष्ट करता है कि सामूहिक इच्छाशक्ति और सुनियोजित पहलें किसी भी समुदाय में सकारात्मक परिवर्तन ला सकती हैं। मेडिकल इंश्योरेंस जैसी स्पष्ट व दीर्घकालिक सुरक्षा योजनाएँ बच्चों के भविष्य को बचाने में निर्णायक भूमिका निभाएंगी। परिषद आगे भी शिक्षा, स्वास्थ्य व पुनर्वास के क्षेत्र में इसी उत्साह के साथ काम जारी रखेगी और अन्य संस्थाओं के लिए प्रेरणा बनेगी।
धन्यवाद और निमंत्रण
हम सभी दानदाताओं, स्वयंसेवकों, अतिथियों और उन सभी लोगों के आभारी हैं जिन्होंने इस आयोजन को सफल बनाया। जो भी व्यक्ति/संस्था इस तरह की समाज-उन्मुख पहलों में साझेदारी करना चाहते हैं, वे तरुण मित्र परिषद के माध्यम से जुड़कर साझेदारी कर सकते हैं — क्योंकि बदलाव तभी टिकाऊ होता है जब सामूहिक प्रयास में ताकत हो।
तरुण मित्र परिषद — सेवा से सशक्त, सहयोग से समृद्ध।

